साईबर फ्रॉड से कैसे बचें: साईबर सिक्योरिटी से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी, कैसे करें OLX पर लेन - देन
साईबर क्राइम ( cyber crime) के शिकार विभिन्न मामलों की खबरें आजकल आए दिन सामने आती रहती हैं । साईबर सिक्योरिटी ( cyber security) की सामान्य जानकारी से हम कई प्रकार के साईबर फ्रॉड (cyber Froud) से बच सकते हैं ।
बिना पड़ताल किये किसी भी अजनबी व्यक्ति को ओ0एल0एक्स0 के जरिये अपना मोबाईल नम्बर नहीं दें।
ओ0एल0एक्स0 पर सर्वप्रथम उक्त व्यक्ति की आई0डी0 खोलकर देखें, यदि आई0डी0 कुछ घण्टों पूर्व बनायी गयी है, तो शत् प्रतिशत यह एक साईबर ठग है।
यदि मोबाईल नम्बर दे भी दिया है तो उक्त व्यक्ति की बातों पर तुरन्त भरोसा नहीं करें। उक्त व्यक्ति लालच देकर तत्काल ऑनलाइन भुगतान करने की बात करेगा, इस प्रकार झांसे में कदापि नहीं आयें।
किसी भी दशा में क्यू आर कोड़ स्कैन करके पैंसे प्राप्त करने की बात को स्वीकार नहीं करें।
किसी भी प्रकार के लिंक जैसे पेटीएम, फोन पे आदि पर क्लिक कदापि नहीं करें।
ऐसी ही कुछ अन्य बिंदुओं को इस सीरीज की अगली कड़ी में आपके सम्मुख रखूंगा, जिससे साइबर क्राइम का शिकार होने से बचा जा सके।
ऑनलाइन ठगी (Online Froud) के विभिन्न तरीकों में आजकल पुरानी चीजों की खरीद फरोख्त के लिए प्रचलित ओएलएक्स( OLX) जैसी वेबसाईटों के माध्यम से लोगों के ठगे जाने के मामले बड़ी संख्या में सामने आ रहे हैं। इस सीरीज की पहली कड़ी में ऐसी वेबसाईटों पर लेन देन करते समय ऑनलाईन ठगी से बचाव के तरीकों पर चर्चा की गई है।
इन दिनों लगभग हर रोज यह समाचार देखने और सुनने को मिलते हैं कि साइबर अपराधियों द्वारा
ओ0टी0पी0, स्कैन कोड आदि के माध्यम से पैसे लूट लिये गये हैं। हममें से मध्यमवर्गीय परिवार के कई लोग अपने घर का पुराना सामान ओ0एल0एक्स जैसी वेबसाइट पर बेचते हैं। साइबर ठगों ने ऐसी वेबसाइटों को लूटने का अड्डा बना रखा है। कुछ टिप्स हैं, जिनसे इनसे बचा जा सकता है:-
ओ0टी0पी0, स्कैन कोड आदि के माध्यम से पैसे लूट लिये गये हैं। हममें से मध्यमवर्गीय परिवार के कई लोग अपने घर का पुराना सामान ओ0एल0एक्स जैसी वेबसाइट पर बेचते हैं। साइबर ठगों ने ऐसी वेबसाइटों को लूटने का अड्डा बना रखा है। कुछ टिप्स हैं, जिनसे इनसे बचा जा सकता है:-
ऑनलाईन फ्रॉड से कैसे बचें
बिना पड़ताल किये किसी भी अजनबी व्यक्ति को ओ0एल0एक्स0 के जरिये अपना मोबाईल नम्बर नहीं दें।
ओ0एल0एक्स0 पर सर्वप्रथम उक्त व्यक्ति की आई0डी0 खोलकर देखें, यदि आई0डी0 कुछ घण्टों पूर्व बनायी गयी है, तो शत् प्रतिशत यह एक साईबर ठग है।
यदि मोबाईल नम्बर दे भी दिया है तो उक्त व्यक्ति की बातों पर तुरन्त भरोसा नहीं करें। उक्त व्यक्ति लालच देकर तत्काल ऑनलाइन भुगतान करने की बात करेगा, इस प्रकार झांसे में कदापि नहीं आयें।
किसी भी दशा में क्यू आर कोड़ स्कैन करके पैंसे प्राप्त करने की बात को स्वीकार नहीं करें।
किसी भी प्रकार के लिंक जैसे पेटीएम, फोन पे आदि पर क्लिक कदापि नहीं करें।
ऐसी ही कुछ अन्य बिंदुओं को इस सीरीज की अगली कड़ी में आपके सम्मुख रखूंगा, जिससे साइबर क्राइम का शिकार होने से बचा जा सके।
यदि इस संबंध में आपकी कोई जिज्ञासा या प्रश्न हो तो नीचे कमेन्ट बॉक्स में लिखें। शीघ्र समाधान का प्रयास किया जाएगा। इस पोस्ट को जनहित में अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों पर अवश्य शेयर करें।
.............. अभिषेक राणा
लेखक के बारे में :
देहरादून निवासी अभिषेक राणा प्रसिद्ध मीडिया कंटेन्ट राईटर हैं, जो तकनीक, सूचना प्रौद्योगिकी और समसामयिक विषयों पर गहरी समझ रखते हैं।
E-Mail id abhishekrana.edu@uk.gov.in



बेहतरीन सुझाव और जागरूकता भरा लेखन
ReplyDeleteVery good writer
ReplyDeleteImportant Information
ReplyDeleteअतिउत्तम सर
ReplyDeleteThanks A Lot.
DeleteThank you very much
ReplyDelete